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Haryana Crime: विधायकों को धमकी मामले का पाकिस्तानी कनेक्शन

Gurugram Crime: हरियाणा-पंजाब के 7 विधायको को फ़िरौती और धमकी के तार पाकिस्तान से जुड़े दिख रहे हैं। VPN के थ्रू दुबई के नंबरों से पाकिस्तानी में बैठे शातिर दे रहे थे विधायको को धमकी।

गुरुग्राम से नीरज वशिष्ठ की रिपोर्ट

Gurugram Crime News: गुरुग्राम एसटीएफ (STF) ने इस मामले में पाकिस्तान (Pakistan) में बैठे जालसाज़ों (Fraudsters) के भारतीय कनेक्शन को बेनक़ाब (Unmasked) किया है। एसटीएफ ने मुम्बई (Mumbai) और मुजफ्फरपुर से 6 बदमाशो को गिरफ्तार (Arrest) कर किया है। गौरतलब रहे बीते 24 और 28 जून के बीच हरियाणा के चार मौजूदा विधायकों, एक विधायक के बेटे और पंजाब के दो विधायको को धमकी दी जा रही थी। इनमें पूर्व के डिप्टी सीएम भी शामिल थे।

इन नेताओं से एक लाख से एक करोड़ तक की फिरौती और न देने की एवज में जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया था। सोनीपत के विधायक सुरेंद्र पंवार से एक लाख तो सुरेंद्र पवार के बेटे से 1 करोड़ तो सफीदों से सुभाष गंगोली से पांच लाख की फिरौती मांगी जा रही थी।

ऐसे ही तमाम विधायको जगाधरी की विधायिका रेणु बाला और पंजाब के पूर्व डिप्टी सीएम ओपी सोनी और एक अन्य विधायक को भी धमकियां मिली थीं। एसटीएफ ने विधायकों से फ़िरौती और जान से मारने की धमकी मामले में पाकिस्तानी कनेक्शन का खुलासा कर 6 बदमाशो को गिरफ्तार किया है। एसटीएफ के एस.पी सुमित कुमार की माने तो विधायको की धमकी मामले की जांच जैसे ही एसटीएफ को सौंपी गई।

एसटीएफ ने टेक्निकली इस केस पर काम करना शुरू किया जिसके बाद बीते 8 दिन से देश के अलग अलग राज्यो में रेड की जा रही थी और इसी रेड के दौरान मुम्बई से दो बदमाशों दुलेश आलम और बदरे आलम को तो बाकी 4 आरोपियो अमित यादव,सनोज,सादिक और कैश आलम को बिहार के मुजफ्फरपुर से गिरफ्तार कर मामले का खुलासा कर दिया।

एसटीएफ एसपी ने खुलासा किया की शुरुवाती पूछताछ में आरोपियो ने नीरज बवाना,लॉरेन्स बिश्नोई और पंजाब में बैठे गैंगस्टरों के नाम से VPN कॉल के जरिए दुबई के नंबरों से फ़िरौती और धमकियों को अंजाम दे रहे थे।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 57 सिम कार्ड,34 मोबाइल फोन,73 एटीएम कार्ड,24 फ़र्ज़ी अकाउंट्स की पासबुक और एक गाड़ी को बरामद की है। एसपी एसटीएफ सुमित कुमार की माने तो एसटीएफ ने 40 फ़र्ज़ी अकाउंट्स के साथ साथ 50 से ज्यादा ऐसे फ़र्ज़ी अकाउंट्स की पहचान भी की है जिसे जालसाजी के बाद बंद कर नए फ़र्ज़ी अकाउंट्स खुलवाया गया था।

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