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'पुलिस देरी न करती...तो मेरी बेटी आज ज़िंदा होती', श्रद्धा की कहानी, उसके पिता की ज़ुबानी

Shraddha Murder Case: श्रद्धा मर्डर केस में 9 दिसंबर के एक जबरदस्त ट्विस्ट (Twist) आया जब श्रद्धा विकास वॉलकर के पिता विकास वॉलकर (Vikas Walkar) पहली बार मीडिया (Media) के सामने आए। जमाने के सामने आकर विकास वॉलकर ने जो कहा, वो न सिर्फ हैरतअंगेज भी है, बल्कि उनकी तरफ से उठाए गए कुछ सवाल बेहद ही चौंकाने वाले भी थे।

श्रद्धा के पिता. श्रद्धा की मौत का सच सामने आने के क़रीब एक महीने बाद मुंबई में मीडिया के सामने आए। इस दौरान उन्होंने आफताब और श्रद्धा से लेकर श्रद्धा की गुमशुदगी और फिर क़त्ल को लेकर तमाम बातें बताईं।

विकास वॉलकर ने एक महीने बाद मीडिया के सामने आने की वजह भी बताई। विकास वॉलकर ने जो कुछ कहा वो पूरी कहानी कुछ यूं है।

क़रीब तीन साल पहले यानी 2019 में श्रद्धा पहली बार अपने घर से दूर रह रही थी। इसी दौरान आफताब से उसकी मुलाक़ात हुई और दोनों साथ रहने लगे। दोनों के साथ रहने की बात जब श्रद्धा के घरवालों को पता चली तो इसे लेकर वो श्रद्धा से नाराज हो गए।

इसी के बाद से श्रद्धा और खासकर उसके पिता विकास वॉलकर में बातचीत बेहद कम हो गई। विकास वॉलकर की अपनी बेटी श्रद्धा से आखिरी बार बातचीत 2021 के मध्य में हुई थी। और जो बातचीत हुई वो भी बहुत छोटी थी। विकास वॉलकर ने श्रद्धा से कुछ सवाल पूछे और श्रद्धा ने बड़े छोटे छोटे उसके जवाब दिए..।

श्रद्धा ने तब अपने पिता से ये कहा था कि वो बैंगलूरू में रहती है। यहां श्रद्धा ने अपने पिता से झूठ बोला। क्योंकि 2020 से ही वो लगातार मुंबई में रह रही थी। वो भी आफताब के साथ लिव इन में। श्रद्धा आफताब के साथ खुश थी...नहीं थी...या आफताब उसे मारता पीटता था...

इस बारे में विकास वॉलकर को कोई जानकारी नहीं थी...यहां तक कि जब श्रद्धा ने आफताब के खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट लिखवाई थी...उस शिकायत के बारे में भी विकास बॉलकर को कोई जानकारी नहीं थी।

Shraddha Murder Case: चूंकि श्रद्धा और विकास वॉलकर में बातचीत न के बराबर होती थी इसीलिए श्रधा कहां है किस हाल में है इसकी खबर भी विकास वॉलकर को नहीं रहती थी।

वो श्रद्धा के दोस्तों ने जब सितंबर 2022 में श्रद्धा के भाई को बताया कि श्रद्धा पिछले तीन महीने से न फोन उठा रही ...न मैसेज का रिप्लाई कर रही है और न ही सोशल मीडिया पर एक्टिव है तब जाकर विकास वॉलकर को ये सच्चाई पता चली। इसी के बाद 26 सितंबर 2022 को विकास वॉलकर ने पहली बार आफताब से बात की। अपनी बेटी के बारे में पूछा...कि वो कहां है...

आफताब के बाद विकास बॉलकर अपनी बेटी के बारे में जानने के लिएआफताब के घर भी गए। आफताब की मां से मिले...। जब श्रद्धा की कोई खबर नहीं मिली तब पहली बार 3 अक्टूबर को विकास वॉलकर ने वसई पुलिस स्टेशन में श्रद्धा की गुमशुदगी की रिपोर्ट लिखाई। बाद में एक शिकायत नालासोपारा पुलिस में भी दी।

वसई पुलिस ने आफताब से पूछताछ भी की। लेकिन फिर उसे छोड़ दिया। ये बात अक्टूबर 2022 की है। यानी श्रद्धा का क़त्ल हुए तब लगभग तीन महीने हो चुके थे। यानी वसई पुलिस क़ायदे से तब एक आरोपी क़ातिल से पूछताछ कर रही थी। लेकिन फिर भी वसई पुलिस न सच्चाई पकड़ पायी न समझ पायी।

अगर उसी वक़्त आफताब से ढंग से पूछताछ की जाती श्रद्धा के मोबाइल की लोकेशन खंगाली जाती...तो सच तभी सामने आ जाता। और तब शायद सच्चाई सामने आने के बाद पुलिस को सबूत और सुराग ढूंढ़ने में इतनी मशक्कत नहीं करनी पड़ती जितनी दिल्ली पुलिस को अब करनी पड़ रही है।

श्रद्धा के पिता ये भी चाहते हैं कि श्रद्धा के क़त्ल के लिए सिर्फ आफताब ही नहीं...उसके मां बाप और भाई की भी जांच होनी चाहिए... एक बाप बेटी के दरम्यान आखिर इतना फासला क्यों था...श्रद्धा वापस अपने घर क्यों नहीं लौटना चाहती थी...क्या घरवालों ने उसकी घर वापसी के लिए कभी कोई कोशिश की...विकास वॉलकर ने इसका भी जवाब दिया...

श्रद्धा के पिता का ये मानना है कि आफताब ने श्रद्धा का ब्रेन वॉश कर रखा था। आफताब श्रद्धा पर दबाव भी डालता था और उसे ब्लैकमेल भी कर रहा था... श्रद्धा के पिता का मानना है कि श्रद्धा की मौत के पीछे वो डेटिंग ऐप भी ज़िम्मेदार है जिस ऐप के जरिए श्रद्धा और आफताब की मुलाकात हुई...उनका कहना है कि ऐसे मोबाइल ऐप पर भी लगाम लगाने की जरूरत है...

Shraddha Murder Case: हालांकि श्रद्धा के पिता फिलहाल जारी श्रद्धा मर्डर केस की जांच से पूरी तरह संतुष्ट हैं मगर साथ ही उनका ये भी कहना है कि दिल्ली पुलिस ने अब तक की जांच के नतीजे के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं दी है। उनका कहना है कि दिल्ली पुलिस ने उनसे पूछताछ की...और पूरा सहयोग भी दिया...लेकिन उनकी बेटी के कत्ल से जुड़े सुराग या सबूत के बारे में उन्हें कुछ नहीं बताया।

दिल्ली पुलिस ने उन्हें इसकी वजह भी बताई। श्रद्धा के पिता विकास वॉल्कर चाहते हैं कि जिस बेदर्दी से उनकी बेटी का कत्ल किया गया, उसके लिए आफताब को कडी से कडी सजा मिलनी चाहिए। फांसी तो होनी ही चाहिए।

श्रद्धा के पिता इंसाफ की आस में अलग अलग नेताओं से भी मिल रहे हैं। दिल्ली के उपराज्यपाल से लेकर महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णनवीस से उन्होंने मुलाकात की। इधर दूसरी तरफ दिल्ली में आफताब की न्यायिक हिरासत 14 और दिनों के लिए बढ़ा दी गई है। आफताब फिलहाल तिहाड़ में है। और जांच जारी है।

हालांकि दिल्ली पुलिस को सबूत और सुराग ढूंढ़ने में आफताब के नार्को टेस्ट से कोई कामयाबी नहीं मिली। पुलिस को फिलहाल श्रद्धा मर्डर केस में एक भी गवाह नहीं मिला है। यानी ये पूरा केस सबूतों और सुरागों पर ही टिका होगा। खासकर डीएनए टेस्ट की रिपोर्ट पर।

श्रद्धा की लाश के टुक़ड़ों की शक्ल में जिन हड्डियों को फॉरेंसिक लैब भेजा गया है, उसकी डीएनए रिपोर्ट अभी आई नहीं है। लेकिन उम्मीद है कि आज या कल तक ये रिपोर्ट आ सकती है।

दिल्ली पुलिस की भी अब सारी उम्मीदें डीएनए रिपोर्ट से ही हैं। अगर बरामद हड़्डियां श्रद्धा की ही निकलीं तो फिर दिल्ली पुलिस के लिए केस आसान हो जाएगा ...कम से कम इतना तो तय हो जाएगा कि श्रद्धा का कत्ल हो चुका है...

मगर कहीं डीएनए रिपोर्ट निगेटिव आ गई तो केस पलट जाएगा...लेकिन दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक अलग अलग जिन जगहों से उन्होंने हड्डियां बरामद की हैं वो ठीक वही जगह थी जिन जगहों की निशानदेही आफताब ने की थी। इसीलिए दिल्ली पुलिस को पुख्ता यकीन है कि डीएनए रिपोर्ट इस केस को इसके अंजाम तक पहुँचा देगी।

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